वेद
-
अध्यात्म

भारतीय दर्शन का उद्देश्य लोकमंगल
ह्रदय नारायण दीक्षित हृदयनारायण दीक्षित भारतीय दर्शन का उद्देश्य लोकमंगल है। कुछ विद्वान भारतीय चिंतन पर भाववादी होने का आरोप…
Read More » -
अध्यात्म

पूर्ण से पूर्ण की ओर आत्मविकास का सनातन सूत्र
संत विनोबा का आज का वेद चिंतन विचार प्रस्तुति : रमेश भैया ईशावास्य उपनिषद – शांति मंत्र – पूर्णमद: पूर्णमिदम्…
Read More » -
अध्यात्म

आज का वेद चिंतन : वेद और बुद्ध
बुद्ध भगवान ने स्पष्ट शब्दों में कहा था : भाइयों *न हि वेरेन वेरानि सम्मन्तीध कुदाचंन। अवेरेन च सम्मन्ति एस…
Read More » -
अध्यात्म

आज का वेद चिंतन विचार – वेद और ईसाई
ईसाई धर्म के भारत में आने से पहले हिन्दुस्तान में अनेकविध दर्शन विकसित हो गये थे। वेद, उपनिषद, भागवत धर्म,…
Read More » -
अध्यात्म

आज का वेद चिंतन विचार
*वस्त्रा पुत्राय मातरो वयन्ति (5.3.13)* लड़के के लिए माताएं वस्त्र बुन रही हैं। बहने घर में रसोई बनाती हैं, उससे…
Read More » जबतक जीवन, तब तक काम क्रोध का उद्भव अवश्यंभावी
चतुरश्चिद् ददमानात् बिभीयादा निधातो: न दुरुक्ताय स्पृहयेत् (1.9.6)चज चारों को हतवीर्य करनेवाला जो कोई एक है, देह गिरने तक उससे…
Read More »-
अध्यात्म








